
ज्वालामुखी (कांगड़ा)। नगर परिषद ज्वालामुखी के वार्ड नंबर पांच स्थित गणेश कॉलोनी के शनिदेव मंदिर में मंगलवार रात शनि देव और भैरव बाबा की मूर्तियां खंडित किए जाने का मामला सामने आया है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने जांच शुरू की और करीब 10 घंटे के भीतर एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी की पहचान रैखा निवासी वीरेंद्र उर्फ विक्की के रूप में हुई है।
पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ के अनुसार आरोपी ने बताया कि घटना की रात वह नशे की हालत में था और घर में हुए विवाद के बाद गुस्से में मंदिर पहुंचा। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के दौरान उसने मंदिर में तोड़फोड़ करने की बात स्वीकार की है। हालांकि, घटना के पीछे के पूरे कारणों और अन्य पहलुओं की जांच अभी जारी है।
बुधवार सुबह मंदिर में मूर्तियां खंडित मिलने के बाद क्षेत्र में लोगों में रोष फैल गया। इसी दौरान वार्ड नंबर नौ स्थित शिव मंदिर में भी तोड़फोड़ की सूचना मिली। पुलिस को संदिग्ध व्यक्ति के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिली, जिसके आधार पर उसके घर पर दबिश दी गई, लेकिन वह वहां नहीं मिला।
इसके बाद पुलिस ने ज्वालामुखी बस स्टैंड और आसपास के क्षेत्रों में करीब दो घंटे तक सर्च अभियान चलाया। पुलिस टीम को संदिग्ध व्यक्ति मिल गया, जिसके बाद उसे पूछताछ के लिए थाना ज्वालामुखी ले जाया गया। पूछताछ के बाद उसकी गिरफ्तारी की गई।
पुलिस के अनुसार घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों से जांच में कोई खास मदद नहीं मिल पाई। इसके बावजूद पुलिस को मिली सूचना और लगातार चलाए गए सर्च अभियान के आधार पर आरोपी तक पहुंचने में सफलता मिली।
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि घटना में आरोपी अकेला शामिल था या किसी अन्य व्यक्ति की भी भूमिका थी। साथ ही वार्ड नंबर नौ स्थित शिव मंदिर में हुई तोड़फोड़ की घटना से भी मामले के संभावित संबंधों की जांच की जा रही है।
घटना की जानकारी मिलने के बाद नगर परिषद अध्यक्ष सोमकरण शर्मा, उपाध्यक्ष दीप्ति शर्मा और पार्षद नीरज शर्मा भी मंदिर पहुंचे। उन्होंने मंदिर परिसर का जायजा लिया और स्थानीय लोगों तथा पुजारी से जानकारी ली। नगर परिषद प्रतिनिधियों और श्रद्धालुओं ने धार्मिक स्थलों की सुरक्षा मजबूत करने तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
एसपी देहरा संदीप धवल ने बताया कि मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई है और एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि जांच और पूछताछ के बाद घटना से जुड़े अन्य पहलू स्पष्ट होंगे।
घटना को लेकर विश्व हिंदू परिषद ने भी रोष जताते हुए पुलिस और प्रशासन से मामले की गंभीरता से जांच की मांग की है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच आगे बढ़ा रही है।