
शिमला। राजधानी शिमला में ऑनलाइन खरीदारी के नाम पर साइबर ठगी का मामला सामने आया है। बालूगंज क्षेत्र की रहने वाली एक महिला सोशल मीडिया पर सूट बेचने के विज्ञापन के झांसे में आ गई। महिला ने विज्ञापन में पसंद आया सूट ऑर्डर किया, लेकिन पार्सल मिलने के बजाय उसे करीब 46 हजार रुपये की चपत लग गई। ठगी का एहसास होने पर महिला ने साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज करवाई है।
जानकारी के अनुसार, मामला सितंबर के अंतिम सप्ताह का है। सूट ऑर्डर करने के बाद महिला के पास सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से कई कॉल आए। कॉल करने वालों ने पार्सल भेजने और अन्य प्रक्रियाओं के नाम पर महिला से अलग-अलग रकम ट्रांसफर करवाई।
आरोपियों के झांसे में आकर महिला कई दिनों तक पैसे भेजती रही। इस दौरान उसने करीब 15 से 20 ट्रांजेक्शन के जरिए कुल 46 हजार रुपये बताए गए खातों में जमा कर दिए। इसके बावजूद जब सूट की डिलीवरी नहीं हुई तो महिला को अपने साथ धोखाधड़ी होने का संदेह हुआ।
सूट नहीं मिलने पर महिला ने अपने पति को पूरी घटना बताई। इसके बाद दोनों ने साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क कर शिकायत दर्ज करवाई। महिला ने साइबर क्राइम सेल शिमला के कार्यालय पहुंचकर लिखित शिकायत भी दी।
शिकायत के बाद साइबर क्राइम सेल ने मामले को आगामी जांच के लिए बालूगंज पुलिस थाने भेज दिया। पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी है।
एएसपी शिमला गौरवजीत सिंह के अनुसार, साइबर क्राइम सेल से मामला जांच के लिए प्राप्त हुआ है। पुलिस ठगी से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल कर रही है।
पुलिस ने लोगों से सोशल मीडिया पर मिलने वाले आकर्षक ऑफर्स और अनजान विक्रेताओं से सावधान रहने की अपील की है। ऑनलाइन खरीदारी से पहले संबंधित पेज या वेबसाइट की विश्वसनीयता जांचने और अनजान लोगों के कहने पर बार-बार पैसे ट्रांसफर न करने की सलाह दी गई है।
साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 पर शिकायत करें, ताकि समय रहते लेनदेन को रोकने या रकम वापस दिलाने की संभावनाओं पर कार्रवाई की जा सके।