
शिमला। राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क (NIRF) 2025 में हिमाचल प्रदेश के कुछ शिक्षण संस्थानों ने बेहतर प्रदर्शन किया है, जबकि प्रदेश के प्रमुख सरकारी विश्वविद्यालयों और मेडिकल संस्थानों की रैंकिंग में मौजूदगी नहीं बन पाई। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने वीरवार को NIRF-2025 रैंकिंग जारी की। इस बार रैंकिंग 17 अलग-अलग श्रेणियों में जारी की गई है।
प्रदेश के लिए सबसे बड़ी उपलब्धि भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) मंडी की रही। ओवरऑल श्रेणी में IIT मंडी ने अपनी स्थिति में उल्लेखनीय सुधार करते हुए 72वें स्थान से छलांग लगाकर 58वां स्थान हासिल किया है। इंजीनियरिंग श्रेणी में भी संस्थान की रैंकिंग 31 से सुधरकर 26वें स्थान पर पहुंच गई है।
वहीं, शूलिनी विश्वविद्यालय सोलन ने भी NIRF रैंकिंग में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई है। विश्वविद्यालय ने विश्वविद्यालय श्रेणी में 69वां स्थान हासिल किया है। हालांकि फार्मेसी श्रेणी में शूलिनी विश्वविद्यालय की रैंकिंग पिछले वर्ष के 30वें स्थान से गिरकर 44वें स्थान पर पहुंची है।
हिमाचल के NIT हमीरपुर ने इंजीनियरिंग श्रेणी में 97वां स्थान हासिल किया है। आर्किटेक्चर एंड प्लानिंग श्रेणी में भी NIT हमीरपुर ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए 30वां स्थान हासिल किया, जबकि पिछले वर्ष यह 32वें स्थान पर था।
इसी तरह IIM सिरमौर ने मैनेजमेंट श्रेणी में 51वां स्थान हासिल किया है। कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों की श्रेणी में डॉ. यशवंत सिंह परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी 20वें और चौधरी सरवन कुमार हिमाचल प्रदेश कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर 29वें स्थान पर रहा।
वहीं, हिमाचल प्रदेश राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय ने लॉ श्रेणी में 34वां स्थान हासिल कर प्रदेश का नाम रोशन किया है।
NIRF-2025 में प्रदेश के दो प्रमुख सरकारी विश्वविद्यालयों हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (HPU), शिमला और सरदार पटेल विश्वविद्यालय (SPU), मंडी को टॉप-100 की किसी श्रेणी में जगह नहीं मिल पाई। HPU प्रदेश का सबसे पुराना विश्वविद्यालय है, लेकिन पिछले वर्ष की तरह इस बार भी वह शीर्ष-100 में स्थान बनाने में असफल रहा।
इससे प्रदेश के सरकारी उच्च शिक्षा संस्थानों की गुणवत्ता, शोध और अकादमिक प्रदर्शन को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।
हिमाचल प्रदेश में कई मेडिकल और डेंटल संस्थान होने के बावजूद NIRF-2025 की टॉप-50 मेडिकल और टॉप-40 डेंटल श्रेणी में प्रदेश का कोई संस्थान स्थान नहीं बना सका। इसी तरह टॉप-50 पब्लिक विश्वविद्यालय, टॉप-100 कॉलेज, टॉप-50 शोध संस्थान, टॉप-10 इनोवेशन और टॉप-10 SDG जैसी श्रेणियों में भी हिमाचल की मौजूदगी नहीं रही। 14 हजार से ज्यादा संस्थानों ने लिया हिस्सा
NIRF रैंकिंग का यह 10वां संस्करण है। इस बार देशभर के 14,163 कॉलेजों और संस्थानों ने रैंकिंग प्रक्रिया में हिस्सा लिया। NIRF रैंकिंग छात्रों के लिए देश के बेहतर शिक्षण संस्थानों और कॉलेजों के चयन में एक महत्वपूर्ण आधार मानी जाती है।
कुल मिलाकर, NIRF-2025 में IIT मंडी, शूलिनी विश्वविद्यालय, NIT हमीरपुर, IIM सिरमौर और नौणी विश्वविद्यालय जैसे संस्थानों का प्रदर्शन हिमाचल के लिए सकारात्मक रहा है, लेकिन HPU, SPU तथा मेडिकल और डेंटल संस्थानों का शीर्ष रैंकिंग में जगह न बना पाना प्रदेश की उच्च शिक्षा व्यवस्था के लिए चिंता का विषय जरूर है।