
मंडी। हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में स्पेशल टास्क फोर्स (STF) कुल्लू ने अवैध भांग की खेती के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 2.5 बीघा निजी भूमि पर उगाए गए दो लाख से अधिक भांग के पौधों को नष्ट कर दिया। यह कार्रवाई थाची-पंजाई क्षेत्र के बूंग गांव के पास की गई। मामले में पुलिस थाना औट में अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
एसटीएफ कुल्लू को 6 अगस्त को गुप्त सूचना मिली थी कि थाची-पंजाई क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अवैध भांग की खेती की जा रही है। सूचना के आधार पर डीएसपी हेमराज वर्मा के नेतृत्व में टीम ने क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान चलाया।
तलाशी के दौरान बूंग गांव के समीप कायल के पेड़ों के बीच बने पांच से छह सीढ़ीनुमा खेतों में करीब 2.5 बीघा निजी भूमि पर भांग की फसल लहलहाती मिली। पुलिस ने मौके पर पौधों की गिनती कराई, जिसमें दो लाख से अधिक भांग के पौधे पाए गए। इसके बाद सभी पौधों को नियमानुसार मौके पर ही नष्ट कर दिया गया।
पुलिस के अनुसार जिस भूमि पर भांग की खेती की गई थी, उसके वास्तविक मालिक की पहचान भूमि की निशानदेही के बाद की जाएगी। पहचान होने के बाद संबंधित आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
एसटीएफ ने बताया कि अवैध भांग की खेती के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत अब तक मंडी और कुल्लू जिलों में लगभग 11 बीघा भूमि से 10 लाख से अधिक भांग के पौधों को नष्ट किया जा चुका है। विभाग का कहना है कि नशे के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
मामले की पुष्टि डीएसपी हेमराज वर्मा ने की है।