
उत्तराखंड कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री हीरा सिंह बिष्ट का 81 वर्ष की आयु में हृदय गति रुकने से निधन हो गया। उनके निधन से कांग्रेस पार्टी और प्रदेश की राजनीति में शोक की लहर दौड़ गई है।
हीरा सिंह बिष्ट ने अपना पूरा राजनीतिक जीवन कांग्रेस के लिए समर्पित किया। उन्होंने अविभाजित उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में सेवाएं दीं। इसके अलावा वे लंबे समय तक इंटक (INTUC) के प्रदेश अध्यक्ष भी रहे और कर्मचारियों व श्रमिकों के अधिकारों के लिए लगातार संघर्ष करते रहे।
उन्होंने सत्तर के दशक की शुरुआत में डीएवी पीजी कॉलेज, देहरादून के छात्रसंघ अध्यक्ष के रूप में राजनीति में कदम रखा। इसके बाद युवा कांग्रेस से लेकर प्रदेश की मुख्यधारा की राजनीति तक उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
हीरा सिंह बिष्ट ने 2022 विधानसभा चुनाव में रायपुर सीट से कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ा था, हालांकि उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इसके बावजूद वे अंतिम समय तक कांग्रेस के सक्रिय और वरिष्ठ नेताओं में शामिल रहे।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल, नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, प्रीतम सिंह, डॉ. हरक सिंह रावत और सूर्यकांत धस्माना सहित कई नेताओं ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।