
भूस्खलन से क्षतिग्रस्त हुआ था स्कूल भवन, अब तक शुरू नहीं हुआ नए भवन का निर्माण; शौचालय और कमरों की कमी से बच्चे परेशान
आनी। हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के आनी विकास खंड की दुर्गम करशईगाड़ पंचायत के बालू प्राथमिक स्कूल में शिक्षा व्यवस्था चुनौतियों से जूझ रही है। स्कूल के 49 विद्यार्थी पिछले दो वर्षों से एक ही कमरे में पढ़ाई करने को मजबूर हैं। कमरों की कमी और मूलभूत सुविधाओं के अभाव के कारण विद्यार्थियों के साथ शिक्षकों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
दो साल पहले भूस्खलन की चपेट में आने से स्कूल का भवन पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया था। इस दौरान शौचालय, स्टेशनरी और स्कूल का अन्य सामान भी मलबे में दबकर नष्ट हो गया। इसके बाद विद्यार्थियों की पढ़ाई जारी रखने के लिए अस्थायी व्यवस्था की गई, लेकिन दो वर्ष बीत जाने के बावजूद नए भवन का निर्माण शुरू नहीं हो पाया है।
बालू प्राथमिक स्कूल में दो पंचायतों के बच्चे पहली से पांचवीं कक्षा तक शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। सभी पांच कक्षाएं एक ही कमरे में लगाई जा रही हैं। यही कमरा स्टाफ रूम और कार्यालय के रूप में भी इस्तेमाल हो रहा है। स्कूल में केवल एक शौचालय है, जिसका उपयोग शिक्षक और विद्यार्थी दोनों करते हैं। ऐसे में बच्चों को पर्याप्त शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध करवाना स्कूल प्रबंधन के लिए चुनौती बना हुआ है।
एसएमसी ने उठाया मामला, बजट का इंतजार
स्कूल प्रबंधन समिति (एसएमसी) के अध्यक्ष चमन लाल ने बताया कि नए भवन के निर्माण के लिए समिति की ओर से प्रस्ताव पारित कर संबंधित विभाग के समक्ष मामला उठाया गया है। हालांकि, अभी तक निर्माण के लिए बजट स्वीकृत नहीं हुआ है। उन्होंने सरकार और शिक्षा विभाग से जल्द धनराशि उपलब्ध करवाकर भवन निर्माण शुरू करने की मांग की है।
अभिभावक विनय कुमार का कहना है कि एक कमरे में पांच कक्षाएं चलने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। उन्होंने मांग की कि सरकार दूरदराज क्षेत्र के इस स्कूल की समस्या को गंभीरता से लेते हुए नए भवन का निर्माण करवाए, ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।
एस्टीमेट तैयार, संबंधित स्तर पर भेजा गया
कार्यकारी खंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी (बीईईओ), आनी उत्तम ने बताया कि स्कूल भवन के निर्माण के लिए एस्टीमेट तैयार कर संबंधित स्तर पर भेज दिया गया है।
वहीं, आनी के विधायक लोकेंद्र कुमार ने प्रदेश सरकार पर क्षेत्र के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि आनी विधानसभा क्षेत्र की योजनाओं के लिए पर्याप्त बजट उपलब्ध नहीं करवाया जा रहा है, जिससे विकास कार्य लंबित हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि बालू प्राथमिक स्कूल की समस्या का समाधान निकालने के लिए हरसंभव प्रयास किए जाएंगे।
अब सवाल यह है कि दो वर्षों से एक कमरे में पढ़ाई कर रहे इन 49 विद्यार्थियों को नए स्कूल भवन के लिए कब तक इंतजार करना पड़ेगा। बच्चों की सुरक्षित और बेहतर शिक्षा के लिए स्कूल भवन का निर्माण जल्द शुरू होना जरूरी है।