
धर्मशाला। कांगड़ा-मटौर मुख्य मार्ग पर सीवरेज पाइपलाइन बिछाने के लिए खोदी गई सड़क की मरम्मत में बरती जा रही लापरवाही लोगों के लिए परेशानी का कारण बन गई है। विभाग की ओर से सड़क पर डाली गई रोड़ीनुमा कंक्रीट समतल न होने के कारण दोपहिया वाहन चालकों के लिए हादसों का खतरा बढ़ गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बाइक सवार इस उबड़-खाबड़ सड़क पर फिसलकर घायल हो चुके हैं।
बीरता से कालरा स्टोर तक करीब एक किलोमीटर लंबी सड़क को सीवरेज पाइपलाइन बिछाने के लिए खोदा गया है। शुरुआत में गड्ढों को केवल मिट्टी से भरा गया था, जिससे बारिश के दौरान कई वाहन उसमें फंस गए। बाद में विभाग ने मिट्टी के ऊपर रोड़ीनुमा कंक्रीट तो डाल दी, लेकिन उसे समतल नहीं किया गया। इससे सड़क और अधिक खतरनाक हो गई है।
सीवरेज कार्य के चलते इस मार्ग पर सुबह और शाम के समय रोजाना जाम की स्थिति बन रही है। इससे स्थानीय लोगों, दुकानदारों और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
जल शक्ति विभाग की ओर से बीरता से कालरा स्टोर तक बिछाई जा रही सीवरेज पाइपलाइन पर करीब 30 चैंबर बनाए जा रहे हैं। विभाग का कहना है कि हर 15 मीटर की दूरी पर चैंबर बनाकर बारिश के दौरान पानी की निकासी बेहतर की जाएगी, ताकि सड़क पर जलभराव न हो।
करीब 22 लाख रुपये की लागत से चल रहे इस प्रोजेक्ट को अगस्त के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
स्थानीय निवासी कमलजीत ने कहा कि सीवरेज कार्य के कारण प्रतिदिन लंबा जाम लग रहा है। विभाग को जल्द से जल्द काम पूरा कर लोगों को राहत देनी चाहिए।
वहीं दुकानदार आदित्य कुमार का कहना है कि सड़क पर डाली गई कंक्रीट दोपहिया वाहन चालकों के लिए बेहद खतरनाक साबित हो रही है। उन्होंने मांग की कि सड़क पर जल्द तारकोल या सीमेंट की समतल परत बिछाई जाए, ताकि दुर्घटनाओं से बचा जा सके।
पीडब्ल्यूडी कांगड़ा के एक्सईएन रविभूषण ने बताया कि सीवरेज का कार्य अभी पूरा नहीं हुआ है। कार्य पूरा होने के बाद सड़क पर सीमेंट की समतल परत डाली जाएगी, जिससे वाहन चालकों और राहगीरों को परेशानी नहीं होगी।
वहीं जल शक्ति विभाग (सीवरेज विंग) के एसडीओ नवदीप ने कहा कि एक किलोमीटर लंबी पाइपलाइन पर चैंबर निर्माण का कार्य जारी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अगस्त के अंत तक पूरा प्रोजेक्ट पूरा कर दिया जाएगा, जिसके बाद लोगों को राहत मिलेगी।