
दूसरे राज्यों के वाहनों को दिल्ली से बाहर ही डायवर्ट करने की तैयारी, पड़ोसी राज्यों की पुलिस और टोल कर्मियों से मांगा सहयोग
नई दिल्ली। दिल्ली में प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) लागू होने के बाद ट्रैफिक पुलिस ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। दिल्ली से होकर गुजरने वाले दूसरे राज्यों के वाहन पुलिस के लिए चुनौती बने हुए हैं। बॉर्डर से वाहनों को वापस भेजने के दौरान जाम और ट्रैफिक संबंधी समस्याएं सामने आ रही हैं। इसे देखते हुए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने पड़ोसी राज्यों की पुलिस से सहयोग मांगा है और अंतरराज्यीय समन्वय बैठक भी की है।
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के संयुक्त पुलिस आयुक्त संजय त्यागी के मुताबिक, पड़ोसी राज्यों की पुलिस से कहा गया है कि जिन वाहनों को दिल्ली में प्रवेश करने या यहां रुकने की जरूरत नहीं है, उन्हें राज्य की सीमाओं से ही दूसरे रास्तों पर डायवर्ट किया जाए। ऐसे वाहनों को ईस्टर्न और वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे से भेजने की योजना है। इसके लिए पड़ोसी राज्यों में स्थित टोल प्लाजा के कर्मचारियों के साथ भी बैठक की गई है, ताकि दिल्ली की ओर आने वाले वाहनों को पहले ही वैकल्पिक मार्ग पर भेजा जा सके।
ट्रैफिक पुलिस की वेस्टर्न रेंज के पुलिस उपायुक्त रणवीर सिंह ने बताया कि दिल्ली के सभी प्रमुख बॉर्डरों पर ट्रैफिक पुलिस की टीमें 24 घंटे तैनात कर दी गई हैं। बॉर्डरों पर रजिस्टर में यह रिकॉर्ड भी रखा जा रहा है कि कितने और किस तरह के वाहनों को वापस भेजा जा रहा है। दिल्ली में कुल 181 अंतरराज्यीय बॉर्डर हैं, जहां से रोजाना बड़ी संख्या में वाहन राजधानी में प्रवेश करते हैं या यहां से होकर गुजरते हैं।
GRAP के अलग-अलग चरणों में वाहनों के संचालन को लेकर अलग-अलग प्रतिबंध लागू हो सकते हैं। नियमों के तहत प्रमुख प्रावधान इस प्रकार हैं:
दूसरे राज्यों की बसें: निर्धारित शर्तों के अनुसार ईवी, सीएनजी और बीएस-VI डीजल बसों को अनुमति दी जा सकती है।
पेट्रोल और डीजल कारें: GRAP के स्टेज-III और स्टेज-IV में लागू नियमों के अनुसार वाहन का ईंधन और बीएस उत्सर्जन मानक महत्वपूर्ण होगा।
मालवाहक वाहन: मध्यम और हल्के मालवाहक वाहनों के प्रवेश पर भी चरण के अनुसार प्रतिबंध लागू हो सकते हैं।
भारी ट्रक: GRAP के स्टेज-IV में निर्धारित श्रेणियों के ईवी, सीएनजी, एलएनजी और बीएस-VI डीजल ट्रकों को ही नियमानुसार अनुमति होगी।
दिव्यांगजन के वाहन: संबंधित नियमों और निर्धारित शर्तों के तहत विशेष छूट का प्रावधान है।
आपातकालीन वाहन: लागू नियमों के अनुसार निर्धारित छूट प्राप्त वाहनों को अनुमति मिलेगी।
PUCC जरूरी: पेट्रोल, डीजल, सीएनजी और एलपीजी वाहनों के लिए वैध प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र (PUCC) रखना जरूरी है।
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस का लक्ष्य प्रदूषण नियंत्रण के साथ-साथ बॉर्डरों पर लगने वाले जाम को कम करना है। वाहन चालकों को सलाह दी गई है कि दिल्ली में प्रवेश करने से पहले लागू GRAP प्रतिबंधों की जानकारी लें और जरूरत पड़ने पर वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करें।