
कुल्लू। जल शक्ति विभाग के कनिष्ठ अभियंता (JE) लाभ सिंह गुलेरिया की हत्या के मामले में कुल्लू पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए एक महिला समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बुधवार रात सभी आरोपियों को हिरासत में लिया और जिला अस्पताल कुल्लू में उनका मेडिकल परीक्षण करवाया। फिलहाल पुलिस आरोपियों से हत्या के कारणों और वारदात में उनकी भूमिका को लेकर गहन पूछताछ कर रही है।
जांच प्रभावित न हो, इसके चलते पुलिस ने अभी तक गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान सार्वजनिक नहीं की है। पुलिस का दावा है कि तकनीकी और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर इस मामले को सुलझाने में सफलता मिली है।
यह मामला शुरुआत में एक ब्लाइंड मर्डर के रूप में सामने आया था। पुलिस के सामने हत्याकांड को सुलझाना बड़ी चुनौती थी, क्योंकि शुरुआती जांच में कोई स्पष्ट सुराग हाथ नहीं लग रहा था। इसके बाद पुलिस ने विभिन्न पहलुओं से जांच आगे बढ़ाई।
जांच के दौरान कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) और अलग-अलग स्थानों पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज पुलिस के लिए अहम कड़ी साबित हुई। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंची और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने इस कार्रवाई के साथ ही जघन्य हत्याकांड का खुलासा करने का दावा किया है।
जानकारी के अनुसार, 24 जुलाई की रात जल शक्ति विभाग के JE लाभ सिंह गुलेरिया के साथ मारपीट की गई थी। इसके अगले दिन 25 जुलाई की सुबह करीब छह बजे वह गांधीनगर स्थित जल शक्ति विभाग के कार्यालय से कुछ दूरी पर एक खोखे के पास बेसुध अवस्था में मिले।
गंभीर हालत में उन्हें उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया, जहां इलाज के दौरान 26 जुलाई को उनकी मृत्यु हो गई। घटना के बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू की और इसे सुलझाने के लिए तकनीकी साक्ष्यों का सहारा लिया।
चारों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस हत्या के पीछे की वजह, वारदात में प्रत्येक आरोपी की भूमिका और घटना से जुड़े अन्य संभावित पहलुओं की जांच कर रही है। आरोपियों से पूछताछ के दौरान पुलिस को मामले से जुड़े कई और महत्वपूर्ण सुराग मिलने की उम्मीद है।
पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही हत्याकांड की पूरी तस्वीर और वारदात के पीछे की वास्तविक वजह सामने आने की संभावना है।